पारिवारिक सम्बन्धो को मजबूत बनाने और परिवार के महत्त्व को बताने के लिए पेरेंटिंग टिप्स

किसी भी अप्रिय स्थिति या घटना के कारण जब बच्चे आहत, उदास या क्रोधित महसूस करते हैं, तो माता-पिता को उनकी बात ध्यान से सुननी चाहिए।

पेनिन्सुलर क्षेत्र अमेरिका में रोसेटो इफेक्ट के कारण हार्ट डिजीज क्यों नहीं है

डॉक्टर को यह जानकर आश्चर्य हुआ कि रोसेटो क्षेत्र में भारी धूम्रपान, शराब पीने, बहार का खाना खाने और नहीं खाने के बावजूद इतने सालों तक लोगों को कोई हार्ट डिजीज  नहीं थी। व्यायाम न करने की बावजूद वे काफी स्वस्थ हृदय का आनंद ले रहे थे।

जानिये शिशु के विकास के 8 facts:

माता-पिता हमेशा अपने बच्चों की उचित देखभाल करना चाहते हैं और इसके बारे में अच्छी जानकारी होना माता-पिता और बच्चे दोनों के लिए फायदेमंद होता है।

लोगों को जज मत करें :

जब कोई व्यक्ति वास्तविक स्थिति को समझे बिना अपनी उपस्थिति और कार्यों के आधार पर दूसरों पर नकारात्मक निर्णय लेता है, तो उसे एक निर्णयात्मक व्यक्ति कहा जाता हैं। 

सेल्फ क्रिटिकल होने से कैसे बचे

बच्चों को बचपन में प्यार और भरोसे के साथ पाला जाए तो उन्हें ऐसी गलतियां करने की आजादी होती है जिससे उन्हें कोई नुकसान न हो। ऐसे बच्चे बड़े होकर काफी आत्मविश्वासी होते हैं।

अपने अतीत में हुए दुखों को कैसे भुलाएं

अपने वर्तमान को महत्व दे – जब आप अपने में present में व्यस्त होंगे तो अपने आप ही आप अतीत को भूल जाएंगे। क्योंकि अतीत की यादें हमें परेशान करती है, विचलित करती है, जो हमें कभी आगे नहीं बढ़ने देंगी।

आलोचना से कैसे निपटे

आलोचना का लोगों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। यह लोगों में आत्मसम्मान में कमी , हताशा, असुरक्षा और तनाव पैदा करता है।